‘‘हम सब है भाई-भाई’’ गुरुदेव के इस कथन को स्वीकारते हुए स्वधर्मी बन्धुओं का किसी भी प्रकार से अपेक्षित सहयोग युवक परिषद् के राष्ट्रीय कार्यक्रमों में से एक है। प्रत्येक बन्धु अपना कुछ समय, शक्ति तथा अर्थ का उपयोग स्वधर्मी बन्धुओं के हित में करें, ऐसी प्रेरणा दी जाती है। कोई भी स्वधर्मी बन्धु याचक ना बनें, इस हेतु स्वरोजगार का कार्यक्रम तैयार किया जा रहा है। कार्यक्रम में बड़े-बड़े उद्योगपतियों आदि से सम्पर्क कर रोजगार के इच्छुक स्वधर्मी बन्धुओं की जानकारी उन्हें उपलब्ध करायी जायेगी तथा उनकी योग्यता के अनुसार विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार दिलाने का प्रयास किया जायेगा।

आदर्श जी सुराणा

उपाध्यक्ष

राजन जी बाघमार

सचिव

संयोजक

सह-संयोजक